| Status | : | Closed
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| Complaint No |
: | 0080609/2016 |
| Category | : | Non-Compliance |
| Date | : | 22-08-2016 |
| Subject Line | : | निर्दोष ब्राह्मण का श्रा |
| Complainant | : | Prakash Vaidya |
| Address | : | NO WHERE NOW |
| Complainee | : | Rajdhani gujarati tahli |
| Address | : | lower parel mumbai |
Complaint Details
इसलिए हे पार्थ सत्य को जानो और आपके द्वारा एक निर्दोष ब्राह्मण परिवार को जो नुकसान आपने छल से पोह्चाया है उसका प्रायश्चित कर हमें आज ही रूपये एक करोड़ का भुगतान करो नहीं तो नियति आपको इसका दंड देगी. यह एक निर्दोष ७० साल के ब्राह्मण के शब्द है--और निर्दोष ब्राह्मण का श्राप है
Replies
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